
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गुरुवार को पंजाब के बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया। उन्होंने अमृतसर के गांवों में पहुंचकर किसानों और ग्रामीणों से मुलाकात की और बाढ़ से हुए नुकसान का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार संकट की इस घड़ी में पंजाब की जनता के साथ मजबूती से खड़ी है।
बाढ़ से फसलों को भारी नुकसान
चौहान ने पंजाब में बाढ़ की स्थिति को ‘जलप्रलय’ जैसा बताते हुए कहा कि बिना खेत में गए किसानों के दर्द और नुकसान का अंदाजा नहीं लगाया जा सकता। उन्होंने कहा, “फसलें पूरी तरह से डूबी हुई हैं। स्थिति देखकर मेरा मन द्रवित है।” कृषि मंत्री ने जोर देकर कहा कि सरकार किसानों को हौसला नहीं हारने देगी और हर संभव मदद करेगी।
प्रधानमंत्री के निर्देश पर दौरा
श्री चौहान ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें विशेष रूप से पंजाब भेजा है ताकि वे गांवों में जाकर जमीनी हकीकत को देख सकें और ग्रामीणों से सीधे संवाद कर सकें। उन्होंने कहा, “आज पंजाब संकट में है। जलप्रलय की स्थिति है। फसलें डूबी हैं। मुझे प्रधानमंत्री जी ने भेजा है।” उन्होंने दोहराया कि केंद्र सरकार इस मुश्किल वक्त में पंजाब की जनता के साथ है और हरसंभव मदद करेगी।
केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता
चौहान का यह दौरा केंद्र सरकार की ओर से बाढ़ पीड़ितों के प्रति सहानुभूति और सहायता की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। किसानों की फसलों को हुए नुकसान का आंकलन करने और उन्हें राहत पहुंचाने के लिए केंद्र सरकार राज्य सरकार के साथ मिलकर काम करेगी। यह उम्मीद की जा रही है कि इस दौरे के बाद केंद्र सरकार पंजाब के किसानों के लिए जल्द ही कोई विशेष राहत पैकेज की घोषणा कर सकती है, जिससे उन्हें इस संकट से उबरने में मदद मिलेगी।

गांव से लेकर देश की राजनीतिक खबरों को हम अलग तरीके से पेश करते हैं। इसमें छोटी बड़ी जानकारी के साथ साथ नेतागिरि के कई स्तर कवर करने की कोशिश की जा रही है। प्रधान से लेकर प्रधानमंत्री तक की राजनीतिक खबरें पेश करने की एक अलग तरह की कोशिश है।



